जिला परिषद कर्मचारी महासंघ ने और तेज की हड़ताल, मांगे पूरी होने तक हड़ताल पर डटे रहेंगे कर्मचारी : रविंद्र ठाकुर

हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ :-  जिला परिषद कैडर अधिकारी व कर्मचारी महासंघ अपनी मांगों को लेकर और मुखर हो गया है तथा उन्होंने अपनी हड़ताल को और तेज कर दिया है ।शुक्रवार को विकास खंड बमसन के दर्जनों पंचायत प्रधान, उप प्रधान, पंचायत समिति सदस्य व वार्ड सदस्यों ने उन्हें अपना समर्थन दिया तथा हड़ताल में शामिल हुए।
महासंघ के समर्थन में हड़ताल पर पहुंचे दर्जनों पंचायतों के प्रधान और उप प्रधान, बीडीसी और वार्ड सदस्य : जिलाध्यक्ष
जिला परिषद कैडर के कर्मचारी विकास खंड बमसन में लगातार 21वें दिन भी हड़ताल पर बैठे रहे तथा कोई भी अपने कामकाज पर नहीं लौटा । जिसमें पंचायत सचिवों के साथ ही कनिष्ठ अभियंता व तकनीकी सहायक शामिल है । उनके समर्थन में शुक्रवार को  पंचायत प्रधान पहुंचे तथा उन्होंने एक स्वर में उनकी मांगों का समर्थन किया है और सरकार से विशेष कर मुख्यमंत्री से उनकी मांग को जल्द पूरा करने की आग्रह किया है।
जिससे विकास को फिर से तेज किया जा सके।ग्राम पंचायत बारी के प्रधान रविंद्र ठाकुर ने कहा कि वह कर्मचारियों के साथ हैं तथा मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह को तुरंत हस्तक्षेप करते हुए उनकी एकमात्र मर्जर की मांग को जल्द पूरा करना चाहिए।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री उनकी मांगों को जल्द पूरा करेंगे । इसी तरह से नाडसी पंचायत के प्रधान सुनील कुमार ने भी मांगों का समर्थन किया तथा सरकार से जल्द उन्हें पूरा करने का आग्रह किया है ।इसी तरह से टिक्कर बुल्ला की प्रधान नीलम कुमारी, पोहंच पंचायत की प्रधान रीना सुपेहिया के साथ ही केहरवि पंचायत के प्रधान गौरव शर्मा ने भी मांगों का समर्थन किया तथा सरकार से इसे जल्द पूरा करने की मांग की है। कहां कि लगभग चार माह से पंचायत में विकास के कार्य बिल्कुल ठप पड़े हुए हैं तथा आपदा की घड़ी में लोगों को विकास की उम्मीद है लेकिन हड़ताल व स्टोन क्रेशर बंद होने के कारण सभी विकास के काम पूरी तरह से ठप हो गए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को खुद हस्तक्षेप करते हुए इस प्रकार टकराव को खत्म करना चाहिए और फिर से ग्रामीण विकास सुनिश्चित हो सके। इस दौरान महासंघ के ब्लॉक अध्यक्ष अजय कुमार ने कहा कि उनका आंदोलन मांगे पूरी न होने तक जारी रहेगा तथा सभी कर्मचारी एकजुटता के साथ आंदोलन में शामिल हुए हैं तथा आगे भी इसी तरह शामिल होंगे । उन्होंने कहा कि वह झुकने वाले नहीं है तथा मांगों को पूरा करवा कर ही दम लेंगे । इस दौरान महासंघ के जिला अध्यक्ष अशोक कुमार ने भी कर्मचारी एवं पंचायत प्रतिनिधियों को संबोधित किया । उन्होंने कहा कि सरकार को जल्दी स्समस्या का समाधान करना चाहिए और विकास के काम  ग्रामीण क्षेत्रों में तेजी से आगे बढ़ सके। उन्होंने कहा कि अभी तक सरकार की ओर से कोई सकारात्मक प्रयास नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें सरकार की ओर से कोई बातचीत का प्रस्ताव आता है तो उसे पर वह विचार करेंगे । मांग पूरी होने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा तथा विभाग में  मर्जर के बिना कुछ और संभव नहीं है। उन्होंने पंचायत प्रधानों, उप प्रधानों पंचायत समिति सदस्यों तथा सभी वार्ड सदस्यों का आभार जताया कि वह इतनी संख्या में उनका समर्थन करने के लिए पहुंचे और पहले भी इसी तरह से उनका समर्थन मिलता रहा है। हड़ताल में शामिल पंचायत प्रधानों में बारी के रविंद्र ठाकुर, टपरे के दीवान चंद, पोऊंज की रीना, टिक्कर बुल्ला की नीलम, नाडसी के सुनील, केहरवीं के गौरव शर्मा, चमनेड की नीलम, पांदेड की कुसमा देवी, ककड़ के जितेंद्र ठाकुर,  लग के राकेश, स्वाहल के प्रीतम, सराहकड की पूनम, धनवान की कंचन, जांदडू के सुरेश कुमार, बगवाड़ा के देश राज, चम्बोह के विपिन, कोट लांगसा की प्रधान कमलेश, उपप्रधान बलोह गजराज, दिम्मी के राकेश, कंजयान के सुरेंद्र कुमार के साथ ही दर्जनों वार्ड सदस्य मौजूद रहे। इसके बाद पंचायत प्रतिनिधियोंं ने खंड विकास अधिकारी हरि चंद अत्री के माध्यम से मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को मांग पत्र भी सौंपा, जिसमें जल्द से जल्द कर्मचारी महासंघ की मांगों को पूरा करने का आग्रह किया गया है।
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